एंटरटेनमेंट डेस्क, नई दिल्ली। कंगना रनौत (Kangana Ranaut) की आगामी फिल्म इमरजेंसी (Emergency) का ट्रेलर जब से आउट हुआ है, तभी से इसकी रिलीज पर बैन की मांग उठ रही है। इस बीच फिल्म की रिलीज में एक और रोड़ा आ गया है। एक्ट्रेस ने खुलासा किया है कि उनकी फिल्म को अभी तक सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (CBFC) से मंजूरी नहीं मिली है।
कंगना रनौत की फिल्म इमरजेंसी साल 1975 में तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के द्वारा लगाए इमरजेंसी पर आधारित है। फिल्म में वह इंदिरा गांधी की भूमिका में नजर आएंगी। फिल्म को लेकर बवाल चल रहा है। इस बीच प्रमोशन कर रहीं एक्ट्रेस ने दावा किया है कि CBFC से उनकी मूवी को हरी झंडी नहीं मिली है।
कंगना रनौत को नहीं मिल रहा सर्टिफिकेट
IANS को दिए इंटरव्यू में कंगना रनौत ने कहा, “मेरी फिल्म सेंसर से पास हो गई थी और जिस दिन हमें सर्टिफिकेट मिलने वाला था, उस दिन बहुत से लोगों ने खूब ड्रामा किया। सेंसर के साथ भी बहुत सारे मुद्दे हैं। इसलिए मुझे उम्मीद है कि यह रिलीज हो जाएगी। कहा जाता है, किसी के पैरों से कालीन खींच लिया जाता है। मुझे पूरा भरोसा था कि मुझे सर्टिफिकेट मिल गया है लेकिन अब वे मुझे मेरा सर्टिफ़िकेट नहीं दे रहे हैं।”
कोर्ट जाएंगी कंगना रनौत
कंगना रनौत का कहना है कि अगर उनकी फिल्म को रिलीज से पहले सर्टिफिकेट नहीं मिला तो वह इसके लिए कोर्ट में लड़ाई करेंगी। एक्ट्रेस ने कहा, “बहुत देर हो चुकी है। मुझे उम्मीद है कि फिल्म समय पर आएगी। मैं इसके लिए लड़ने के लिए तैयार हूं। मैं अपनी फिल्म को बचाने के लिए अदालत तक जाऊंगी। मैं अपना अधिकार बचाने के लिए लड़ूंगी। आप इतिहास को नहीं बदल सकते और हमें धमकियों से डरा नहीं सकते।”
हथियार से नहीं डरती कंगना रनौत
कंगना रनौत ने कहा, “हमें इतिहास दिखाना होगा। लगभग 70 वर्षीय महिला को उनके घर में 30-35 बार गोली मारी गई। किसी ने उन्हें मार दिया होगा। अब आप इसे दिखाना चाहते हैं क्योंकि जाहिर है आपको लगता है कि आप किसी को चोट पहुंचा सकते हैं लेकिन आपको इतिहास दिखाना होगा। उनकी मौत कैसे हुई? तो मैंने कहा, चलो दीवार पर एक तख्ती लगा देते हैं कि वह इसलिए मर गई क्योंकि उन्हें आसमान में गोली मारी गई थी। कुछ लोगों ने हथियार उठा लिए और हम बंदूकों से नहीं डरते।”